ईरान ने अंतर्राष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (आईएईए) के प्रमुख राफेल ग्रॉसी के साथ स्विट्जरलैंड में बैठक करने से इनकार कर दिया है। तेहरान ने यह भी स्पष्ट कर दिया है कि वह क्षतिग्रस्त परमाणु स्थलों तक जांचकर्ताओं को पहुँच प्रदान नहीं करेगा। ईरान का कहना है कि यह कदम तब तक नहीं उठाया जाएगा जब तक कि अंतिम समझौता नहीं हो जाता और सभी प्रतिबंध पूरी तरह से हटा नहीं दिए जाते। यह निर्णय, परमाणु कार्यक्रम को लेकर चल रहे तनाव के बीच आया है। ईरान का रुख, पश्चिमी देशों के साथ चल रही वार्ता को और जटिल बना सकता है। इस मामले में आगे की कार्रवाई के लिए कोई समय-सीमा निर्धारित नहीं की गई है। ईरान का जोर है कि प्रतिबंधों की पूर्ण समाप्ति, किसी भी सहयोग की पूर्व शर्त है।