इंडोनेशिया के उप-संचार मंत्री नेजार पात्रिया ने जोर देकर कहा है कि कानून का प्रवर्तन सोशल मीडिया पर उत्पन्न भावनाओं से प्रभावित नहीं होना चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि कानून अपना कार्य स्वतंत्र रूप से जारी रखना चाहिए। मंत्री ने सोशल मीडिया पर राय और भावनाओं के आधार पर कानूनी कार्यवाही को निर्देशित करने के खिलाफ चेतावनी दी। उनका मानना है कि कानून को निष्पक्ष और वस्तुनिष्ठ होना चाहिए, न कि सार्वजनिक दबाव के आगे झुकना चाहिए। यह बयान हाल ही में सोशल मीडिया पर चल रहे कुछ विवादों के संदर्भ में आया है, जहां जनता ने कानूनी हस्तक्षेप की मांग की थी। सरकार का रुख है कि कानून का शासन बनाए रखना महत्वपूर्ण है, भले ही सोशल मीडिया पर मजबूत राय मौजूद हो। मंत्री ने कानून के उचित प्रक्रिया का पालन करने और किसी भी बाहरी प्रभाव से बचने पर जोर दिया।
