केंद्र सरकार ने कथित तौर पर जनरेशन ज़ेड के हालिया विरोध प्रदर्शनों के बाद नरम रुख अपनाया है। कानून मंत्री किरेन रिजिजू ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी से विदेशी अंशदान विनियमन अधिनियम (FCRA) और परिसीमन जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर बातचीत करने की अपील की है। माना जा रहा है कि युवाओं के बढ़ते विरोध ने सरकार पर पुनर्विचार करने का दबाव बनाया है। इस पहल का उद्देश्य राजनीतिक गतिरोध को समाप्त करना और महत्वपूर्ण विधेयकों पर सहमति बनाना है। रिजिजू ने उम्मीद जताई है कि राहुल गांधी सकारात्मक प्रतिक्रिया देंगे और रचनात्मक संवाद के लिए तैयार होंगे। यह सरकार और विपक्ष के बीच एक महत्वपूर्ण मोड़ हो सकता है, जो लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं को मजबूत करने में सहायक होगा। इस मामले में आगे की बातचीत पर सभी की निगाहें टिकी हैं।