आइसलैंड ने दो साल के अंतराल के बाद व्यावसायिक व्हेल मछली का शिकार फिर से शुरू कर दिया है। देश के अंतिम व्हेल मछुआरे हाल ही में शिकार के लिए रवाना हुए। इस फैसले की पर्यावरण संरक्षण समूहों ने कड़ी आलोचना की है। उनका तर्क है कि व्हेल मछली की आबादी पहले से ही खतरे में है। आइसलैंड सरकार का कहना है कि यह शिकार वैज्ञानिक अनुसंधान के लिए और स्थानीय समुदायों की आजीविका के लिए आवश्यक है। हालांकि, आलोचकों का कहना है कि वैज्ञानिक अनुसंधान का दावा एक बहाना है और यह वाणिज्यिक लाभ के लिए किया जा रहा है। व्हेल संरक्षण संगठनों ने इस फैसले के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विरोध प्रदर्शन करने की योजना बनाई है।