हंगरी सरकार जुलाई से यूरोपीय संघ के बाहर से आने वाले उत्पादों पर नया शुल्क लगाने की तैयारी कर रही है। इस कदम का उद्देश्य स्थानीय व्यवसायों को बढ़ावा देना और आयात पर निर्भरता कम करना है। माना जा रहा है कि इस शुल्क के कारण टेमू जैसे चीनी ऑनलाइन मार्केटप्लेस से खरीदे जाने वाले सामानों की कीमतें बढ़ सकती हैं। उपभोक्ता अब इन प्लेटफार्मों से खरीदारी करने पर अधिक खर्च कर सकते हैं। सरकार का कहना है कि यह शुल्क यूरोपीय संघ के नियमों के अनुरूप है। इस फैसले से हंगरी में ऑनलाइन शॉपिंग की लागत में बदलाव आने की संभावना है। यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि उपभोक्ता इस बदलाव पर कैसे प्रतिक्रिया देते हैं और इसका स्थानीय बाजार पर क्या प्रभाव पड़ता है।