फ़िडेज़ ने दक्षिणी रेलवे रिंग अनुबंध रद्द होने के बाद तिस्ज़ा सरकार पर हंगेरियन कंपनियों को दरकिनार करने और विदेशी कंपनियों को लाभ पहुंचाने का आरोप लगाया है। पार्टी का दावा है कि सरकार जानबूझकर हंगेरियन फर्मों को महत्वपूर्ण परियोजनाओं से बाहर कर रही है। यह आरोप, दक्षिणी रेलवे रिंग अनुबंध के रद्द होने के बाद लगाए गए हैं, जिससे हंगेरियन कंपनियों को नुकसान हुआ है। फ़िडेज़ का तर्क है कि तिस्ज़ा सरकार विदेशी कंपनियों के हितों को हंगेरियन व्यवसायों से ऊपर रख रही है। यह मामला हंगरी में विदेशी निवेश और घरेलू उद्योगों के बीच संतुलन को लेकर एक बहस छेड़ सकता है। फ़िडेज़ ने इस मुद्दे पर आगे जांच की मांग की है। सरकार ने अभी तक इन आरोपों का जवाब नहीं दिया है।