राष्ट्रपति यित्ज़ाक हरज़ोग ने लेबनान में बढ़ते तनाव पर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इज़राइल और लेबनान के बीच शांति समझौता वर्तमान परिस्थितियों में संभव नहीं है। हरज़ोग के अनुसार, लेबनान पर ईरान का अत्यधिक प्रभाव इस प्रक्रिया में एक बड़ी बाधा है। उन्होंने आरोप लगाया कि ईरान एक आतंकवादी संगठन के माध्यम से लेबनान के संघर्ष में हस्तक्षेप करने की कोशिश कर रहा है। राष्ट्रपति ने संकेत दिया कि जब तक बाहरी प्रभाव बना रहेगा, स्थिरता लाना कठिन होगा। यह बयान क्षेत्र में सुरक्षा और कूटनीतिक चुनौतियों को रेखांकित करता है।
