हेलसिंकी में एक स्कूल में हुई चाकूबाजी की घटना में, 15 वर्षीय हमलावर को अदालत ने दो साल और आठ महीने की जेल की सज़ा सुनाई है। यह घटना दो 15 वर्षीय छात्रों के बीच विवाद के बाद हुई थी, जिसमें 14 वर्षीय एक छात्र को चाकू मारा गया था। अदालत ने सज़ा सुनाते समय हमलावर की कम उम्र और उसके साथ पहले हुई मारपीट को ध्यान में रखा। यह मामला हेलसिंकी की जिला अदालत में सुना गया था। अभियोजन पक्ष ने इसे हत्या के प्रयास के रूप में पेश किया था। अदालत ने माना कि हमलावर ने जानबूझकर पीड़ित पर हमला किया था, लेकिन उसकी उम्र और परिस्थितियों को देखते हुए सज़ा कम की गई। यह घटना फिनलैंड में स्कूल हिंसा के मुद्दे पर फिर से बहस छेड़ सकती है।