हैम्बर्ग में, डॉ. कोसिमा वीथ ‘प्राक्सिस ओहन ग्रेनजेन’ (Praxis ohne Grenzen) नामक क्लिनिक में बिना बीमा वाले लोगों का इलाज करती हैं। अब इस क्लिनिक के लिए धन की व्यवस्था खतरे में है, जिसके कारण डॉ. वीथ ने हैम्बर्ग सरकार से मदद की गुहार लगाई है। यह क्लिनिक उन लोगों के लिए चिकित्सा सुविधा प्रदान करता है जिनके पास स्वास्थ्य बीमा नहीं है। डॉ. वीथ का कहना है कि नीतिगत फैसले इस स्थिति के लिए जिम्मेदार हैं, लेकिन डॉक्टरों की भी जिम्मेदारी है कि वे मरीजों की देखभाल करें। क्लिनिक का भविष्य अनिश्चित है, लेकिन डॉ. वीथ हार मानने को तैयार नहीं हैं। यह स्थिति हैम्बर्ग में स्वास्थ्य सेवा प्रणाली और वंचितों के लिए चिकित्सा पहुंच के बारे में महत्वपूर्ण सवाल उठाती है। सरकार से क्लिनिक को वित्तीय सहायता प्रदान करने का आग्रह किया जा रहा है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि बेसहारा मरीजों को आवश्यक चिकित्सा सेवाएं मिलती रहें।