कोलकाता में ग्रीक मूल की नन सिस्टर नेकरटेरिया परिदिसी ने ग़रीबी, अशिक्षा, बाल तस्करी और वेश्यावृत्ति के खिलाफ़ एक महत्वपूर्ण लड़ाई छेड़ी है। वह संभवतः कोलकाता में रहने वाली एकमात्र ग्रीक नागरिक हैं। उन्होंने दानदाताओं की मदद से स्कूल और अनाथालय स्थापित किए हैं, जिससे हज़ारों बच्चों को सहारा मिला है। सिस्टर नेकरटेरिया का कार्य शहर में आशा की किरण बनकर उभरा है। उनका जीवन समर्पित रूप से ज़रूरतमंदों की सेवा में बीता है। उन्होंने शिक्षा और बुनियादी ज़रूरतों को पूरा करके कई बच्चों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाए हैं। उनका योगदान कोलकाता में मानवीय मूल्यों का प्रतीक है और उन्हें स्थानीय लोगों द्वारा 'माँ' के रूप में सम्मानित किया जाता है।
