घाना के केंद्रीय बैंक (BoG) ने माइक्रोफाइनेंस क्षेत्र में सुधारों के तहत देश के सभी ग्रामीण बैंकों को सामुदायिक बैंकों में परिवर्तित करने की घोषणा की है। यह परिवर्तन तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है और इसका उद्देश्य समावेशी वित्त को मजबूत करना तथा बैंकिंग सेवाओं तक पहुंच का विस्तार करना है। यह कदम ‘माइक्रोफाइनेंस सेक्टर फ्रेमवर्क, 2026’ के दिशानिर्देशों के अनुरूप उठाया गया है। केंद्रीय बैंक का कहना है कि सभी मौजूदा ग्रामीण बैंक अब सामुदायिक बैंक के रूप में नामित किए गए हैं। इस पुनर्गठन से वित्तीय क्षेत्र में अधिक स्थिरता और व्यापक पहुंच की उम्मीद है। यह सुधार घाना की अर्थव्यवस्था में वित्तीय समावेशन को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। यह परिवर्तन ग्रामीण क्षेत्रों में बैंकिंग सेवाओं की उपलब्धता को सुगम बनाएगा।