घाना में सिकल सेल रोग से पीड़ित बच्चों में समय पर इलाज न मिलने पर मृत्यु का जोखिम बहुत अधिक है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि उचित निदान और निरंतर देखभाल न मिलने पर बड़ी संख्या में बच्चे पाँच वर्ष की आयु से पहले ही अपनी जान गंवा सकते हैं। हील के सह-संस्थापक डॉ. एनाम सेफाकोर बैंकस के अनुसार, घाना में हर साल लगभग 15,000 बच्चे सिकल सेल रोग के साथ पैदा होते हैं, जो वार्षिक जन्मों का लगभग दो प्रतिशत है। यह स्थिति देश में एक महत्वपूर्ण स्वास्थ्य चुनौती बनी हुई है। विशेषज्ञों का कहना है कि प्रारंभिक पहचान और नियमित चिकित्सा हस्तक्षेप से इन बच्चों के जीवन को बचाया जा सकता है। सरकार और स्वास्थ्य संगठनों को इस बीमारी के प्रति जागरूकता बढ़ाने और उपचार सुविधाओं तक पहुंच सुनिश्चित करने के लिए मिलकर काम करने की आवश्यकता है। समय पर निदान और उपचार से बच्चों की मृत्यु दर को कम किया जा सकता है।