कतर में गुरुवार से फुटबॉल विश्व कप शुरू हो रहा है, लेकिन जर्मनी को इस बार प्रबल दावेदार नहीं माना जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि जर्मनी पर अब दबाव कम होगा, जिससे टीम बेहतर प्रदर्शन कर सकती है। इस टूर्नामेंट में ब्राजील, अर्जेंटीना, फ्रांस, इंग्लैंड और स्पेन जैसी टीमों को शीर्ष दावेदार माना जा रहा है। जर्मनी की टीम अपेक्षाकृत बिना किसी उम्मीद के मैदान में उतरेगी, जो उनके लिए फायदेमंद साबित हो सकता है। यह स्थिति टीम को खुलकर खेलने और अपनी क्षमता दिखाने का अवसर प्रदान करेगी। विश्लेषकों का कहना है कि जर्मनी के लिए यह विश्व कप एक नई शुरुआत हो सकती है।