एक विशेषज्ञ ने कहा है कि सरकार को उन शोधों पर धन खर्च नहीं करना चाहिए जिनकी आवश्यकता नहीं है। उनका मानना है कि स्वास्थ्य विभाग को जनता की सेवा करने के लिए आवश्यक ज्ञान प्राप्त करने पर ध्यान केंद्रित किया जाना चाहिए। मूल रूप से, शोध ऐसा होना चाहिए जो सीधे तौर पर स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने में मदद करे। विशेषज्ञ ने इस बात पर जोर दिया कि सीमित संसाधनों का उपयोग उन क्षेत्रों में किया जाना चाहिए जो तत्काल और व्यावहारिक लाभ प्रदान करते हैं। अनावश्यक शोध परियोजनाओं में धन लगाना संसाधनों की बर्बादी है। यह बयान स्वास्थ्य क्षेत्र में अनुसंधान प्राथमिकताओं पर बहस को जन्म दे सकता है। इस दृष्टिकोण का उद्देश्य सार्वजनिक स्वास्थ्य प्रणाली की दक्षता और प्रभावशीलता को बढ़ाना है।