फ्रांसीसी विदेश मंत्री ने कहा है कि ईरान से महत्वपूर्ण रियायतें मिलने के बाद ही फ्रांस संयुक्त राष्ट्र के प्रतिबंधों में ढील का समर्थन करेगा। यह बयान लेबनान पर इजरायली हमलों को रोकने के लिए फ्रांस द्वारा की गई मांगों के बाद आया है। कुछ ईरानी विपक्षी समूहों का आरोप है कि फ्रांसीसी मंत्री के ईरानी समकक्ष से बात करने के बाद पेरिस में उनकी रैली पर प्रतिबंध लगा दिया गया, हालांकि मंत्री ने इस आरोप से इनकार किया है। इस स्थिति में, फ्रांस ईरान पर दबाव बनाने और क्षेत्रीय स्थिरता सुनिश्चित करने के लिए एक सख्त रुख अपना रहा है। फ्रांस का मानना है कि ईरान को परमाणु समझौते का सम्मान करना चाहिए और क्षेत्रीय तनाव को कम करने के लिए कदम उठाने चाहिए। इस मामले में आगे की बातचीत और कूटनीति महत्वपूर्ण होगी। प्रतिबंधों में ढील देने से पहले ईरान से ठोस कार्रवाई की अपेक्षा की जा रही है।