नॉर्वे के एक फुटबॉल कोच, सोल्बाकेन, एक असाधारण अनुभव से गुज़रे हैं। जब वे खिलाड़ी थे, तब उनका हृदय सात मिनट के लिए धड़कना बंद हो गया था। इस घटना के कारण उन्हें एक खिलाड़ी के रूप में अपने करियर को समाप्त करना पड़ा। हालांकि, इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना ने उन्हें कोचिंग की दुनिया में प्रवेश करने का मार्ग प्रशस्त किया। सोल्बाकेन की कहानी दृढ़ता और जीवन में नए अवसर खोजने की प्रेरणा देती है। यह दर्शाता है कि कैसे एक गंभीर स्वास्थ्य संकट भी किसी व्यक्ति के जीवन को एक नए दिशा में मोड़ सकता है। अब वे एक सफल कोच के रूप में अपनी नई भूमिका निभा रहे हैं। उनकी यह यात्रा खेल जगत में एक मिसाल कायम करती है।
