'채 सांग-बियांग मामले' से जुड़ी जाँच की गुप्त जानकारी लीक करने के आरोप में फँसे पूर्व राष्ट्रपति सचिवालय के सार्वजनिक नैतिकता सचिव, ली सी-वोन को अदालत ने जमानत दे दी है। उन्हें गिरफ्तार करने का खतरा टल गया है। अदालत ने कहा कि मामले में आगे बहस की गुंजाइश है, इसलिए तत्काल गिरफ्तारी उचित नहीं है। ली सी-वोन पर आरोप है कि उन्होंने इस मामले से जुड़ी संवेदनशील जानकारी लीक की थी, जिसने राजनीतिक गलियारों में हलचल मचा दी थी। मामले की जाँच जारी है और आगे भी नए खुलासे हो सकते हैं। इस घटना से राष्ट्रपति सचिवालय की छवि पर भी असर पड़ा है। बचाव पक्ष ने ली सी-वोन की बेगुनाही का दावा किया है।