निकोलस картеलेट की पुस्तक ‘जोसेफ डायोप: कौन याद रखता है?’ एक प्रसिद्ध फुटबॉल खिलाड़ी के जीवन पर आधारित है। यह पुस्तक डायोप के शानदार करियर और उसके बाद होने वाले पतन का वर्णन करती है। लेखक ने इसे एक त्रासदी की तरह प्रस्तुत किया है, जो पाठक को गहराई से प्रभावित करती है। यह कृति सपनों की दुनिया के छिपे हुए पहलुओं को उजागर करती है। समीक्षकों ने इस उपन्यास को बहुत सफल बताया है, जो खेल जगत की वास्तविकता पर प्रकाश डालता है। यह कहानी एक खिलाड़ी के जीवन की जटिलताओं और प्रसिद्धि के दबाव को दर्शाती है। पुस्तक डायोप के जीवन के अज्ञात पहलुओं को सामने लाती है, जिससे पाठकों को एक नया दृष्टिकोण मिलता है।