फीफा अध्यक्ष जियानी इन्फैंटिनो के नेतृत्व पर तीन प्रमुख फुटबॉल महासंघों - यूईएफए, एएफसी और कॉन्काकाफ - ने गंभीर सवाल उठाए हैं। इन महासंघों ने एक कठोर पत्र जारी किया है, जिसमें इन्फैंटिनो के नेतृत्व पर तीखी टिप्पणी की गई है। यह कदम विश्व कप में निजी निवेशकों को हिस्सेदारी बेचने के असफल प्रयास के बाद उठाया गया है। महासंघों का मानना है कि यह परियोजना विफल रही और इन्फैंटिनो के निर्णय लेने की प्रक्रिया पर प्रश्नचिह्न लगाती है। इस पत्र ने फीफा के भीतर राजनीतिक अस्थिरता पैदा कर दी है और इन्फैंटिनो के भविष्य को अनिश्चित बना दिया है। इस घटना से वैश्विक फुटबॉल प्रशासन पर भी महत्वपूर्ण प्रभाव पड़ने की संभावना है। महासंघों ने इस मामले में तत्काल जवाबदेही और पारदर्शिता की मांग की है।