भ्रष्टाचार निरोधक एवं अन्य संबंधित अपराध आयोग (ICPC) ने एक नकली एजेंसी का पर्दाफाश किया है जिसने देशव्यापी नियुक्तियों में ‘संघीय चरित्र’ का दुरुपयोग किया। इस एजेंसी के प्रमोटर की पहचान प्रिंस जॉर्ज बुची नवाबुएजे के रूप में हुई है, जो कई छद्म नामों का इस्तेमाल करते थे। जांच में यह भी पता चला है कि कुछ वरिष्ठ सरकारी कर्मचारियों ने नवाबुएजे के साथ मिलकर काम किया। यह घोटाला ‘संघीय चरित्र’ के सिद्धांत का गलत इस्तेमाल करके किया गया, जिसका उद्देश्य देश के सभी क्षेत्रों का प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करना है। ICPC इस मामले में शामिल सभी व्यक्तियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करेगी। यह घटना सरकारी नियुक्तियों में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर प्रकाश डालती है। इस तरह के धोखाधड़ी के मामले सार्वजनिक विश्वास को कमज़ोर करते हैं और शासन को अस्थिर करते हैं।