पूर्व मोसाद प्रमुख योसी कोहेन ने सफ़ेद शहर में एक फोरम में बोलते हुए दावा किया कि उन्होंने ईरान के फ़ोर्डो परमाणु स्थल का कई बार दौरा किया था। उन्होंने 2025 में इस स्थल पर संभावित अमेरिकी बमबारी को 'मेरे सपनों की पूर्ति' बताया। कोहेन ने यह भी संकेत दिया कि 60% यूरेनियम संवर्धन अभी भी बम बनाने के लिए पर्याप्त नहीं है। उनके इन बयानों से ईरान के परमाणु कार्यक्रम और इजराइल की सुरक्षा नीति को लेकर चल रही चिंताओं को बल मिला है। यह खुलासा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ईरान के परमाणु महत्वाकांक्षाओं को लेकर नए सिरे से बहस छेड़ सकता है। कोहेन के बयान इजराइल की ईरान के परमाणु कार्यक्रम को रोकने की प्रतिबद्धता को भी दर्शाते हैं। इन टिप्पणियों ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय में संभावित तनाव और प्रतिक्रियाओं की आशंका जताई है।