पूर्व आंतरिक मामलों के उप-मंत्री कुरसान असानोव ने “पत्र 75” से संबंधित आपराधिक मामले में अपना दोष स्वीकार करने से इनकार किया है। उनकी वकील, चिनारा जकूपबेकोवा के अनुसार, असानोव ने न्यायालय में अपनी बेगुनाही का दावा किया है। यह मामला कथित तौर पर एक पत्र से जुड़ा है जिसमें कई व्यक्तियों के हस्ताक्षर थे। “अज़ात्तिक” ने इस जानकारी को प्रकाशित किया है। असानोव पर लगे आरोपों की प्रकृति अभी पूरी तरह से स्पष्ट नहीं है, लेकिन यह मामला राजनीतिक रूप से संवेदनशील माना जा रहा है। न्यायालय में आगे की सुनवाई निर्धारित की गई है, जिसमें मामले की विस्तृत जांच की जाएगी। यह घटना किर्गिस्तान की राजनीति में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।