यूरोप में अभूतपूर्व गर्मी लहर चल रही है, जिससे तापमान रिकॉर्ड स्तर पर पहुँच गया है। यह गर्मी इतनी तीव्र है कि रात में भी राहत नहीं मिल रही है। इस गर्मी के कारण तर्वा-पंख वाले पक्षी (terns) अपने घोंसलों से कूद रहे हैं, जिससे उनके चूजों को खतरा है। अत्यधिक गर्मी के कारण एक परमाणु रिएक्टर को भी बंद करना पड़ा है, जिससे ऊर्जा आपूर्ति पर असर पड़ सकता है। वैज्ञानिक इस गर्मी लहर को जलवायु परिवर्तन का परिणाम बता रहे हैं, और चेतावनी दे रहे हैं कि भविष्य में ऐसी घटनाएं और भी आम हो सकती हैं। यूरोप सबसे तेजी से गर्म होने वाले महाद्वीपों में से एक है, और इस गर्मी लहर ने यहाँ की स्थिति को और गंभीर बना दिया है। यह स्थिति पर्यावरण और बुनियादी ढांचे दोनों के लिए चिंताजनक है।
