पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने विदेशी नागरिकों को उन्नत कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) मॉडलों तक पहुँच से वंचित कर दिया था। अब, यूरोप इस स्थिति को लेकर सक्रिय हो गया है। यूरोप, अमेरिका के इस कदम के बाद AI के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता हासिल करने की दिशा में काम कर रहा है। यूरोपीय देश अब अपनी खुद की AI तकनीक विकसित करने और उसे बढ़ावा देने पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं। इसका उद्देश्य AI पर अत्यधिक निर्भरता से बचना और तकनीकी संप्रभुता सुनिश्चित करना है। यह कदम यूरोप को AI नवाचार में एक महत्वपूर्ण खिलाड़ी बनाए रखने में मदद कर सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह यूरोप के लिए AI के क्षेत्र में एक नया मार्ग प्रशस्त करेगा।
