पूर्वी यूरोप में जारी भीषण गर्मी के कारण अस्पतालों में मरीजों की संख्या में भारी वृद्धि हुई है। गर्मी की लहर, जो पहले पश्चिमी यूरोप में कहर बरपा रही थी, अब पूर्वी देशों में फैल गई है। अस्पतालों में गर्मी से संबंधित बीमारियों जैसे हीटस्ट्रोक और डिहाइड्रेशन के मामलों में तेजी आई है, जिससे स्वास्थ्य व्यवस्था पर दबाव बढ़ गया है। कई अस्पतालों में बेड की कमी हो गई है और कर्मचारियों पर अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है। अधिकारियों ने नागरिकों को सतर्क रहने और गर्मी से बचाव के उपाय करने की सलाह दी है। मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में भी गर्मी जारी रहने की संभावना है, जिससे स्थिति और खराब हो सकती है। इस स्थिति से निपटने के लिए स्वास्थ्य मंत्रालय अतिरिक्त संसाधनों की व्यवस्था कर रहा है।