वित्त मंत्री ने यूरो मुद्रा को अपनाने की अपनी सरकार की प्रतिबद्धता को फिर से दोहराया है। उन्होंने कहा कि यूरो अपनाने से देश की अर्थव्यवस्था को स्थिरता और विकास मिलेगा। हालांकि, उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यूरो अपनाने की समय-सीमा अभी तय नहीं है और इसके लिए कई आर्थिक सुधारों को पूरा करना होगा। मंत्री ने जोर देकर कहा कि सरकार यूरो क्षेत्र में प्रवेश के लिए सभी आवश्यक मानदंडों को पूरा करने के लिए काम कर रही है। इस कदम से व्यापार और निवेश में वृद्धि होने की उम्मीद है, साथ ही वित्तीय बाजारों में भी सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। विपक्ष ने सरकार की इस नीति पर सवाल उठाए हैं, उनका कहना है कि यूरो अपनाने से देश की आर्थिक संप्रभुता कम हो सकती है।
