तुर्की के राष्ट्रपति रेसेप तय्यिप एर्दोगान ने तुर्की कृत्रिम बुद्धिमत्ता शिखर सम्मेलन में भाग लिया। इस दौरान उन्होंने देश में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) के विकास और उपयोग पर अपने विचार व्यक्त किए। शिखर सम्मेलन में विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञों और नीति निर्माताओं ने भी हिस्सा लिया। राष्ट्रपति एर्दोगान ने प्रौद्योगिकी के महत्व पर जोर दिया और तुर्की को इस क्षेत्र में एक अग्रणी राष्ट्र बनाने की अपनी सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने कृत्रिम बुद्धिमत्ता के नैतिक पहलुओं और संभावित चुनौतियों पर भी प्रकाश डाला। शिखर सम्मेलन का उद्देश्य तुर्की में कृत्रिम बुद्धिमत्ता के भविष्य को आकार देना और नवाचार को बढ़ावा देना है। इस कार्यक्रम में देश और विदेश के कई महत्वपूर्ण गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।