इंग्लैंड की फुटबॉल टीम 40 वर्षों के बाद मेक्सिको में फिर से खेलने उतरेगी। यह मुकाबला सिटी ऑफ़ मेक्सिको के प्रतिष्ठित 'कोलोसो डी सांता उर्सुला' स्टेडियम में होगा। यह वही स्टेडियम है जिसने 1986 में डिएगो मरडोना के हाथों इंग्लैंड को विश्व कप से बाहर कर दिया था, और मरडोना की यादगार जीत का गवाह बना। इस मैच का विशेष महत्व इसलिए है क्योंकि यह मरडोना की विरासत को श्रद्धांजलि देगा। इंग्लैंड और मेक्सिको के बीच यह मुकाबला फुटबॉल प्रेमियों के लिए एक भावनात्मक क्षण होगा। स्टेडियम में मरडोना की यादें ताजा हो उठी हैं और प्रशंसक फिर से उस ऐतिहासिक प्रदर्शन को याद कर रहे हैं। यह निश्चित रूप से एक रोमांचक मुकाबला होने की उम्मीद है।

English
Français
Español
हिन्दी
中文