अल नीनो की पुष्टि के साथ, वैश्विक कृषि बाजार में मौसम की स्थिति फिर से केंद्र में आ गई है। हेजपॉइंट ग्लोबल मार्केट्स के विश्लेषण के अनुसार, यह घटना व्यापारिक केंद्रों में अस्थिरता बढ़ाएगी। तापमान और वर्षा के पैटर्न में बदलाव के कारण वैश्विक गेहूं की आपूर्ति को लेकर जोखिम भी बढ़ेंगे। विशेष रूप से, 2026 की दूसरी छमाही में अल नीनो के प्रभाव से गेहूं उत्पादन प्रभावित होने की आशंका है। इससे गेहूं की कीमतों में उतार-चढ़ाव आ सकता है और खाद्य सुरक्षा पर असर पड़ सकता है। बाजार विशेषज्ञ इस स्थिति पर कड़ी नजर रख रहे हैं ताकि संभावित प्रभावों को कम किया जा सके।

English
Français
Español
हिन्दी
中文