पेर्लिस के युवराज, तुंकु सैयद फ़ैज़ुद्दीन पुत्र जमालुल्लैल ने कहा कि प्रभावी नेतृत्व केवल पद या शक्ति पर निर्भर नहीं करता है। उन्होंने यह बात निष्पक्षता और जनता की भलाई पर ज़ोर देते हुए कही। युवराज ने “उम्मह” की निरंतरता के लिए न्यायसंगत नेतृत्व की आवश्यकता पर बल दिया। उनका यह बयान दर्शाता है कि एक सफल शासक को अपने लोगों की ज़रूरतों को प्राथमिकता देनी चाहिए। यह वक्तव्य नेतृत्व के सिद्धांतों और जनता के प्रति समर्पण के महत्व को रेखांकित करता है। पेर्लिस राज्य में इस वक्तव्य का गहरा प्रभाव पड़ने की संभावना है। यह जनता को एक ऐसे नेतृत्व की उम्मीद करने के लिए प्रोत्साहित करता है जो निष्पक्ष हो और उनकी सेवा के लिए समर्पित हो।