अज्ञात तत्वों द्वारा चेक और पोलिश संबंधों को खराब करने के लिए एक दुष्प्रचार अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान में नकली वेबसाइटों और सोशल मीडिया पर झूठे प्रोफाइल का इस्तेमाल किया जा रहा है। एक नकली वेबसाइट गैर-मौजूद प्रदर्शनों में भाग लेने के लिए लोगों को लुभा रही है, जबकि दूसरा सोशल मीडिया प्रोफाइल खुद को पोलैंड में चेक गणराज्य के राजदूत बता रहा है। पोलिश विशेषज्ञों का मानना है कि हमले का तरीका रूस द्वारा उपयोग की जाने वाली रणनीति से मेल खाता है। इस अभियान का उद्देश्य दोनों देशों के बीच अविश्वास पैदा करना और उनके संबंधों को कमजोर करना है। अधिकारी इस मामले की जांच कर रहे हैं और जनता से झूठी जानकारी के प्रसार के खिलाफ सतर्क रहने का आग्रह कर रहे हैं। यह अभियान क्षेत्रीय स्थिरता के लिए एक गंभीर खतरा है।