चेक गणराज्य में सार्वजनिक रेडियो और टेलीविजन के हजारों कर्मचारियों ने सोमवार को 24 घंटे की हड़ताल शुरू कर दी। यह हड़ताल सरकार द्वारा सार्वजनिक मीडिया के वित्तपोषण प्रणाली में सुधार की योजनाओं के विरोध में है। कर्मचारियों को डर है कि ये सुधार राजनीतिक नियंत्रण बढ़ा सकते हैं। हड़ताल करने वालों का कहना है कि प्रस्तावित सुधार "चौंकाने वाले" हैं और मीडिया की स्वतंत्रता को खतरे में डाल सकते हैं। सरकार का तर्क है कि सुधार प्रणाली को अधिक कुशल बनाएंगे। इस हड़ताल से देश में मीडिया की स्वतंत्रता और सरकारी हस्तक्षेप पर बहस तेज हो गई है। यह विरोध सार्वजनिक प्रसारण की स्वायत्तता को बनाए रखने की मांग कर रहा है।
