चेक गणराज्य के राष्ट्रपति पेट्र पावेल ने स्थानीय चुनावों में मतदान करने के लिए अपनी छुट्टी रद्द कर दी और अपने खर्च पर एक निजी जेट किराए पर लिया। उन्होंने शुरू में सोचा था कि वे राष्ट्रपति होने के नाते इस तरह की सुविधा का लाभ उठा सकते हैं और स्थानीय चुनावों को अनदेखा कर सकते हैं। इस निर्णय में लगभग 30,000 से 45,000 यूरो का खर्च आएगा। राष्ट्रपति पावेल की इस कार्रवाई की आलोचना हो रही है क्योंकि उन्होंने एक गलत अनुमान लगाया था और खुद को विशेष सुविधा देने की कोशिश की। यह घटना चेक गणराज्य में स्थानीय चुनावों के महत्व और सभी नागरिकों के मतदान के अधिकार पर प्रकाश डालती है। राष्ट्रपति के इस कदम से उनकी सार्वजनिक छवि पर असर पड़ सकता है। यह मामला चेक राजनीति में एक बहस का विषय बन गया है।