चेक गणराज्य में फल उत्पादन क्षेत्र तेज़ी से घट रहा है, जिससे स्थानीय फल उत्पादन पर असर पड़ रहा है। पिछले आठ वर्षों में लगभग सात हजार हेक्टेयर फल उद्यान नष्ट हो गए हैं, जो दस हजार फुटबॉल मैदानों के बराबर क्षेत्र है। 2017 में 16.5 हजार हेक्टेयर फल उद्यान थे, जो 2025 तक घटकर दस हजार हेक्टेयर हो गए हैं। इसका परिणाम यह है कि चेक दुकानों में हर तीसरी सेब पोलैंड से आ रही है। विशेषज्ञ भी इस गिरावट की गति से हैरान हैं। यह स्थिति चेक कृषि और खाद्य सुरक्षा के लिए चिंताजनक है। इस प्रवृत्ति के कई कारण हैं, जिनमें उत्पादन लागत, जलवायु परिवर्तन और यूरोपीय संघ के बाजार में प्रतिस्पर्धा शामिल हैं।