चेक गणराज्य के नए आर्मी चीफ मिरोस्लाव ह्लावाच ने कहा है कि यूक्रेन पर रूसी आक्रमण के कारण यूरोप और विशेष रूप से चेक गणराज्य के लिए सुरक्षा स्थिति पिछले चार वर्षों में काफी खराब हो गई है। उन्होंने कहा कि मौजूदा स्थिति पहले से कहीं अधिक गंभीर है। ह्लावाच ने रक्षा मंत्री जिरोमीर ज़ुना के रुख पर भी बात की, जो ह्लावाच के चुनाव के खिलाफ एकमात्र मंत्री थे। उन्होंने जनरल स्टाफ को रक्षा मंत्रालय से अलग करने के कारणों पर भी प्रकाश डाला। यह बयान CT24 के ‘इंटरव्यू’ कार्यक्रम में दिया गया था, जिसकी अध्यक्षता जीजी वाक्लावेक ने की। ह्लावाच के इस आकलन ने चेक गणराज्य में सुरक्षा संबंधी चिंताओं को बढ़ा दिया है।