पूर्वी चेक गणराज्य के पुरातत्वविदों का एक दल ग्रीस के अलेक्सांद्रोपोलीस बंदरगाह में एक अनूठे प्रयोग पर काम कर रहा है। यह अभियान 'मोनोक्सिलोन' नामक एक परियोजना है, जिसका उद्देश्य प्रागैतिहासिक काल की नावों का पुनर्निर्माण और परीक्षण करना है। पुरातत्वविदों ने एक पेड़ के तने से खोदी गई नाव बनाई है, जिसका उपयोग वे एजियन सागर में यात्रा करने का प्रयास करेंगे। इस परियोजना का लक्ष्य प्राचीन नौकायन तकनीकों और समुद्री यात्रा की चुनौतियों को समझना है। शोधकर्ता यह जानने की कोशिश कर रहे हैं कि प्रागैतिहासिक लोग इस तरह की नावों से लंबी दूरी की यात्रा कैसे करते थे। यह अभियान समुद्री पुरातत्व और प्राचीन इतिहास के अध्ययन में महत्वपूर्ण योगदान दे सकता है।