सीमा शुल्क प्रशासन ने विदेशी व्यापार को डिजिटल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। एक नई इलेक्ट्रॉनिक प्रणाली शुरू की गई है जिसके माध्यम से लाइसेंस जमा किए जा सकते हैं। यह पूरी तरह से डिजिटल प्रक्रिया आयात और निर्यात को आसान बनाने के लिए डिज़ाइन की गई है। इस पहल से व्यापार में लगने वाला समय और कागजी कार्रवाई कम होने की उम्मीद है। सीमा शुल्क विभाग का लक्ष्य है कि सभी प्रक्रियाएं ऑनलाइन हों, जिससे दक्षता में सुधार हो और भ्रष्टाचार कम हो। यह नया कदम ‘डिजिटल इंडिया’ पहल के अनुरूप है और व्यापारिक समुदाय के लिए एक स्वागत योग्य बदलाव है। यह प्रणाली पारदर्शिता और जवाबदेही को भी बढ़ावा देगी।