क्यूबा में तेल संकट गहराने के कारण लगभग 3.5 मिलियन लोगों, जो देश की एक तिहाई आबादी है, को पानी की आपूर्ति में कठिनाई हो रही है। ईंधन की कमी से जल पम्पिंग स्टेशनों को संचालित करने में समस्या आ रही है, जिससे कई क्षेत्रों में पानी का वितरण बाधित हुआ है। सरकार ने स्थिति को गंभीर बताया है और लोगों से पानी का संयम से उपयोग करने का आग्रह किया है। यह संकट क्यूबा की पहले से ही कमजोर अर्थव्यवस्था को और भी कमजोर कर सकता है। तेल की कमी के कारण बिजली उत्पादन में भी कमी आई है, जिससे जल आपूर्ति पर अतिरिक्त दबाव पड़ रहा है। स्थिति को सुधारने के लिए सरकार वैकल्पिक ऊर्जा स्रोतों और जल प्रबंधन तकनीकों पर विचार कर रही है। यह संकट क्यूबा के लिए एक बड़ी चुनौती है, और इसके दीर्घकालिक प्रभाव अभी भी अज्ञात हैं।