बांग्लादेश के क्रिकेटर नाईम हसन को हवाई अड्डे से घर लौटने के दौरान पुलिस ने हिरासत में लिया। नाईम ने अपनी पहचान बताई और पहचान पत्र भी दिखाया, साथ ही स्थानीय लोगों ने भी उनकी पहचान की पुष्टि की। फिर भी, उन पर मारपीट, अपमान और थाने में उत्पीड़न करने का आरोप लगा है। इस घटना के बाद पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठ रहे हैं, खासकर आम नागरिकों के साथ व्यवहार को लेकर। मामले में त्वरित कार्रवाई की मांग की जा रही है। यह घटना बांग्लादेश में पुलिस की जवाबदेही और वीआईपी व्यवहार के मुद्दे को फिर से उजागर करती है। फिलहाल, मामले की जांच जारी है और पुलिस ने इस पर प्रतिक्रिया देने से इनकार कर दिया है।