उच्चतम न्यायालय ने ४३वीं बीपीएससी (बिहार लोक सेवा आयोग) भर्ती प्रक्रिया में गंभीर अनियमितताएँ पाई हैं। अदालत ने पाया कि भर्ती प्रक्रिया कानूनी प्रावधानों के अनुसार नहीं हुई और इसमें पारदर्शिता का अभाव था। न्यायालय ने आयोग को ६० दिनों के भीतर भर्ती प्रक्रिया को पूरा करने का निर्देश दिया है, लेकिन अनियमितताओं को दूर करने पर ज़ोर दिया है। अदालत ने इस मामले में अपनी गहरी चिंता व्यक्त की है। यह आदेश उन उम्मीदवारों के लिए महत्वपूर्ण है जिन्होंने ४३वीं बीपीएससी परीक्षा उत्तीर्ण की थी लेकिन अभी तक नियुक्ति नहीं मिली है। न्यायालय के इस हस्तक्षेप से भविष्य में निष्पक्ष भर्ती प्रक्रियाओं को सुनिश्चित करने की उम्मीद जताई जा रही है। आयोग को अब न्यायालय के निर्देशों का पालन करते हुए जल्द से जल्द प्रक्रिया को सही ढंग से पूरा करना होगा।
