चीन अब पहली बार अमेरिका से ज़्यादा लोकप्रिय है। इस लोकप्रियता के पीछे चीन की दीर्घकालिक रणनीतिक कार्यप्रणाली है जिसमें नरम शक्ति का इस्तेमाल किया गया है। पश्चिमी देशों में कुछ लोगों ने चीन को एक दयालु महाशक्ति मान लिया है, जो थोड़ा наивной है। चीन की छवि सुधारने के प्रयास सफल रहे हैं, लेकिन इसकी ताक़त और तानाशाही बरकरार है। चीन की इस नई छवि को समझना ज़रूरी है ताकि चीन के असली इरादों को पहचाना जा सके। इस रणनीतिक बदलाव का पश्चिम पर क्या असर होगा, इसका मूल्यांकन किया जाना चाहिए।