चीन सरकार ने ताइवान के राजनयिक सहयोगी देशों के दो सरकारी मंत्रियों पर प्रतिबंध लगाया है। बेलिज़ के विदेश मंत्री फ्रांसिस फ़ोंसेका और पराग्वे के सूचना मंत्री गुस्तावो विलाटे को इन प्रतिबंधों का सामना करना पड़ेगा। यह चीन द्वारा ऐसा करने का पहला मामला है, जो ताइवान के साथ संबंधों को लेकर एक मजबूत रुख दिखाता है। इन प्रतिबंधों के कारण मंत्री और उनके परिवार के सदस्य चीन में व्यवसाय करने में असमर्थ होंगे। चीन का यह कदम ताइवान के सहयोगी देशों पर राजनयिक दबाव बनाने की कोशिश माना जा रहा है। विश्लेषकों का कहना है कि यह कदम क्षेत्रीय तनाव को और बढ़ा सकता है। इस मामले पर बेलिज़ और पराग्वे की प्रतिक्रिया का अभी इंतजार है।