अल्जीरिया के पूर्व राजदूत अब्दुलअजीज रहबी ने सेउटा संकट और इसके अल्जीरिया एवं क्षेत्र पर प्रभाव पर विस्तृत चर्चा की है। उन्होंने स्पेनिश एन्क्लेव में 60,000 से अधिक मोरक्कन नागरिकों के पलायन के बाद उत्पन्न स्थिति का विश्लेषण किया है। रहबी ने मोरक्को द्वारा प्रवासन को एक हथियार के रूप में इस्तेमाल करने और यूरोप द्वारा इस देश के प्रति बरती जा रही उदारता के कारणों पर भी प्रकाश डाला। यह संकट मोरक्को और स्पेन के बीच तनाव को दर्शाता है, और इसका प्रभाव अल्जीरिया पर भी पड़ सकता है। उन्होंने बताया कि यूरोप को इस मुद्दे पर अधिक सख्ती बरतने की आवश्यकता है। यह घटना क्षेत्रीय स्थिरता के लिए चिंता का विषय है। इस विश्लेषण से सेउटा संकट की जटिलताओं को समझने में मदद मिलती है।