मध्य जावा के उप-राज्यपाल ताज यासिन ने हाल ही में राज्यपाल कार्यालय के सामने छात्रों के प्रदर्शन के दौरान प्रांतीय सरकार के किसी प्रतिनिधि के छात्रों से न मिलने के मुद्दे पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि छात्रों की मांगें सीधे तौर पर प्रांतीय सरकार के अधिकार क्षेत्र में नहीं आती हैं। उप-राज्यपाल के अनुसार, ये मुद्दे केंद्र सरकार के दायरे में आते हैं, इसलिए समाधान के लिए केंद्र सरकार ही अधिक उपयुक्त है। उन्होंने प्रदर्शनकारियों की मांगों को गंभीरता से लेने और उन्हें उचित चैनलों के माध्यम से केंद्र सरकार तक पहुंचाने का आश्वासन दिया। इस घटना से छात्रों में निराशा देखी गई थी, क्योंकि वे चाहते थे कि प्रांतीय सरकार उनकी चिंताओं को सुने और उनका समाधान करे। हालांकि, उप-राज्यपाल ने स्थिति को स्पष्ट करते हुए केंद्र सरकार की भूमिका पर जोर दिया। यह मामला छात्रों और सरकार के बीच संवाद की आवश्यकता को दर्शाता है।
