केप वर्डे ने सोमवार को स्पेन के साथ 0-0 से ड्रॉ खेलकर अपना पहला विश्व कप मैच खेला। इस मैच में गोलकीपर वोज़िन्हा ने शानदार प्रदर्शन किया और टीम के लिए महत्वपूर्ण अंक हासिल करने में मदद की। 40 वर्षीय वोज़िन्हा का यह पहला विश्व कप मैच था और उन्हें ‘मैन ऑफ द मैच’ चुना गया। उनके उत्कृष्ट बचावों ने स्पेन को गोल करने से रोका, जिससे केप वर्डे को एक महत्वपूर्ण ड्रॉ मिला। वोज़िन्हा के प्रदर्शन ने न केवल उनकी टीम को उत्साहित किया, बल्कि विश्व कप में केप वर्डे के पदार्पण को यादगार बना दिया। यह ड्रॉ केप वर्डे के लिए एक बड़ी उपलब्धि है, क्योंकि उन्होंने विश्व कप में अपनी जगह बनाई है और अब एक मजबूत टीम के खिलाफ अच्छा प्रदर्शन किया है। वोज़िन्हा की कहानी प्रेरणादायक है, जो दिखाती है कि उम्र सिर्फ एक संख्या है।
