दक्षिण अफ्रीका में फंसे मलावी के नागरिकों को स्वदेश वापस लाने के प्रयास जारी हैं। दस हज़ार से अधिक लोगों ने घर लौटने के लिए सहायता मांगी है, जिसके चलते प्रवासन को लेकर तनाव बढ़ गया है। भगोड़े पादरी शेफर्ड बुशिरी ने इन फंसे हुए मलावी नागरिकों की सहायता के लिए दस बसें उपलब्ध कराई हैं। डरबन में पंजीकरण केंद्र स्थापित किए गए हैं जहाँ से लोगों को वापस भेजने की प्रक्रिया चल रही है। बुशिरी की इस पहल ने प्रवासन संबंधी विवादों के बीच चर्चा पैदा कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि वापसी प्रक्रिया सुचारू रूप से चल रही है और सभी नागरिकों को सुरक्षित रूप से वापस भेजने का प्रयास किया जा रहा है। यह कदम मलावी और दक्षिण अफ्रीका के बीच संबंधों में एक महत्वपूर्ण मोड़ माना जा रहा है।