बुंडेस्टाग में आम बहस के दौरान, मर्ज़ द्वारा घोषित नई कहानी की ज्यादा चर्चा नहीं हुई। सवाल उठता है कि क्या इसके लिए चांसलर कार्यालय में बदलाव की आवश्यकता है। बहस में इस बात पर जोर दिया गया कि क्या सत्ता परिवर्तन से जनता की राय में कोई वास्तविक बदलाव आ सकता है। मर्ज़ ने एक नई राजनीतिक दृष्टिकोण प्रस्तुत करने का वादा किया था, लेकिन अभी तक यह स्पष्ट नहीं है कि यह दृष्टिकोण कितना प्रभावी होगा। यह बहस जर्मनी की राजनीतिक स्थिति और नेतृत्व की भूमिका पर केंद्रित है। इस चर्चा का मुख्य विषय यह है कि क्या केवल एक नया नेता ही देश की जनता के विचारों को बदल सकता है। वर्तमान स्थिति दर्शाती है कि राजनीतिक बदलाव अकेले ही सामाजिक दृष्टिकोणों में आमूलचूल परिवर्तन लाने के लिए पर्याप्त नहीं हो सकते हैं।