मई महीने तक के बजट कार्यान्वयन में खनन और ऊर्जा मंत्रालय तथा कांग्रेस ने सबसे बेहतर प्रदर्शन किया है। अन्य मंत्रालयों की तुलना में इन मंत्रालयों ने अधिक कुशलता से धन का उपयोग किया। वहीं, योजना, परिवहन और राष्ट्रपति सचिवालय जैसे क्षेत्रों में बजट का कार्यान्वयन काफी धीमा रहा। योजना मंत्रालय ने केवल 20.1%, परिवहन मंत्रालय ने 13.2% और राष्ट्रपति सचिवालय ने मात्र 3.5% बजट का ही उपयोग कर पाया। यह आँकड़े सरकार के व्यय और विभिन्न क्षेत्रों में विकास की गति को दर्शाते हैं। धीमी गति से कार्यान्वयन वाले मंत्रालयों पर अब अपनी योजनाओं को गति देने का दबाव होगा। सरकार इन कमियों को दूर करने के लिए जल्द ही कदम उठा सकती है।
