ब्रिटेन में एक ब्रिटिश प्रोफेसर और उसके साथी को एक गोद लिए हुए शिशु की यौन शोषण और हत्या के आरोप में दोषी ठहराया गया है। प्रोफेसर को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है, जबकि उसके साथी को 25 साल की जेल की सजा मिली है। यह मामला 13 महीने के शिशु की दुखद मौत से जुड़ा है। जांच के दौरान, यह सवाल उठा कि क्या अधिकारियों ने शिशु को बचाने के अवसर गंवा दिए थे। अदालत में प्रस्तुत सबूतों से पता चला कि शिशु के साथ यौन शोषण किया गया था, जिसके परिणामस्वरूप उसकी मृत्यु हो गई। इस मामले ने ब्रिटेन में बाल संरक्षण प्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अधिकारियों पर उचित कार्रवाई करने में देरी का आरोप लगा है।