ब्रेक्सिट का मुख्य उद्देश्य ब्रिटेन में आव्रजन पर नियंत्रण पाना था। हालांकि, 2021 के बाद प्रवासियों की संख्या में अप्रत्याशित वृद्धि देखी गई है। विशेषज्ञों के अनुसार, बोरिस जॉनसन सरकार द्वारा वीजा प्रणाली में किए गए बदलावों ने इस वृद्धि में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। यह स्थिति अर्थव्यवस्था की जरूरतों और मतदाताओं की उम्मीदों के बीच एक गहरे टकराव को दर्शाती है। आर्थिक विकास के लिए श्रम शक्ति की आवश्यकता ने आव्रजन नियमों को प्रभावित किया है। इस विरोधाभास के कारण देश में सामाजिक और राजनीतिक तनाव बढ़ने का जोखिम बढ़ गया है। वर्तमान परिदृश्य ब्रेक्सिट के शुरुआती वादों और वास्तविक परिणामों के बीच के अंतर को उजागर करता है।